समर इंडिया सवाददाता जावेद चौधरी
अमरोहा जिले की हसनपुर तहसील में प्रस्तावित सर्किल रेट (मूल्यांकन सूची) की दरों को लेकर मिली आपत्तियों पर मंगलवार को सुनवाई हुई। यह सुनवाई तहसील सभागार में जिलाधिकारी डॉ. नितिन गौड़ की अध्यक्षता में की गई। इस दौरान सभी आपत्तिकर्ताओं को व्यक्तिगत रूप से सुना गया।
कुल 187 आपत्तियों पर सुनवाई हुई। यह संख्या जिले की सभी तहसीलों में मिली आपत्तियों में सबसे ज्यादा बताई गई है।उत्तर प्रदेश स्टाम्प नियमावली, 1997 और इसके संशोधनों के तहत जिले की तहसीलों में मूल्यांकन सूची की नई दरें तय करने की प्रक्रिया चल रही है। इसी क्रम में एक समिति बनाई गई थी, जिसके प्रस्ताव के आधार पर प्रस्तावित मूल्यांकन सूची पर तहसीलवार आपत्तियां मांगी गई थीं।मंगलवार को हसनपुर तहसील सभागार में दोपहर 12 बजे से शाम तीन बजे तक आपत्तियों की सुनवाई हुई। जिलाधिकारी ने मौजूद आपत्तिकर्ताओं की समस्याएं और सुझाव ध्यान से सुने।
अधिकारियों ने आपत्तियों से जुड़ी जरूरी प्रक्रिया की जानकारी दी। साथ ही भरोसा दिलाया कि आपत्तियों और सुझावों की नियमानुसार जांच कर उनका समाधान किया जाएगा।अधिकारियों ने बताया कि प्रस्तावित मूल्यांकन सूची में कोई भी आपत्ति होने पर उसे नियमानुसार दर्ज कर जांचा जा रहा है। आपत्तियों के निपटारे के बाद नियमानुसार नई सर्किल रेट तय की जाएंगी।
इस मौके पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गरिमा सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया, सहायक महानिरीक्षक निबंधन अमरोहा अनूप कुमार सिन्हा और उप जिलाधिकारी हिमांशु उपाध्याय मौजूद रहे। इनके अलावा उप निबंधक हसनपुर और तहसीलदार हसनपुर समेत कई विभागों के अधिकारी भी उपस्थित थे।
डीएम नितिन गौड़ ने बताया कि हरिद्वार हाईवे हसनपुर तहसील क्षेत्र की 17 ग्राम पंचायतों और धनोरा तहसील क्षेत्र की 35 ग्राम पंचायतों से होकर निकलेगा। इस तरह यह हाईवे कुल 52 गांवों से गुजरेगा।

