Rashifal-ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों की चाल और उनकी स्थिति को व्यक्ति के जीवन में होने वाले बदलावों से जोड़कर देखा जाता है। बुध ग्रह को बुद्धि, वाणी, तर्क, व्यापार, संचार और निर्णय क्षमता का कारक माना गया है। इसलिए बुध के उदय या राशि परिवर्तन का प्रभाव करियर, कारोबार, आर्थिक स्थिति और रिश्तों से जुड़े मामलों पर पड़ सकता है। वहीं, वृश्चिक में चंद्रमा का गोचर 3 राशियों के लिए शुभ रह सकता है। सितंबर 2026 में बुध कन्या राशि में उदित होने जा रहे हैं। बुध की यह स्थिति कुछ राशि के लिए तरक्की के रास्ते खोल सकती है।
कन्या राशि में बुध उदय 2026
18 सितंबर को शाम 7 बजकर 9 मिनट पर बुध कन्या राशि में उदित होंगे। इसके बाद करीब 32 दिनों तक बुध उदित अवस्था में रहेंगे। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इस अवधि में कुछ राशियों को करियर और आर्थिक मामलों में लाभ मिल सकता है। पुराने मतभेद कम होने और रिश्तों में मधुरता आने के भी योग बन सकते हैं।
वृषभ राशि: बुध का उदय इन जातकों को फायदा दे सकता है। पंचम भाव में बुध की स्थिति से बुद्धि और रचनात्मकता मजबूत होने की संभावना है। जॉब वाले लोगों की योजनाएं और क्रिएटिविटी अधिकारियों को प्रभावित करेगी, जिससे नई जिम्मेदारी मिल सकती है। कारोबारियों को भी रणनीति बनाकर आगे बढ़ने का लाभ मिल सकता है। सट्टेबाजी से दूरी रखना बेहतर रहेगा।
कर्क राशि: इन जातकों के लिए भी बुध का उदय कई बदलाव लेकर आ सकता है। तीसरे भाव में बुध के प्रभाव से साहस और निर्णय लेने की क्षमता बढ़ सकती है। लंबे समय से चली आ रही परेशानियों का समाधान मिलने की उम्मीद है। इस दौरान कई उलझनें दूर होन और स्वास्थ्य सुधार के संकेत हैं। नौकरी करने वालों को नए अवसर मिलने के साथ आर्थिक लाभ के योग बन सकते हैं।
मकर राशि: आपके लिए बुध का उदय भाग्य का साथ बढ़ाने वाला संकेत दे रहा है। गोचर कुंडली के नवम भाव में उच्च के बुध का प्रभाव करियर में आगे बढ़ने के अवसर दे सकता है। नौकरीपेशा लोगों को मनचाही जगह ट्रांसफर मिल सकता है और कार्य स्थल पर सम्मान बढ़ सकता है। प्रमोशन और वेतनवृद्धि के योग बन सकते हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को अच्छी खबर मिल सकती है। कारोबारियों के लिए विस्तार और नए अवसरों का समय हो सकता है।

