अवैध क्लीनिकों पर कार्रवाई बनी खानापूर्ति, स्वास्थ्य विभाग पर मिलीभगत का आरोप
बदायूं में अवैध क्लीनिकों पर सरकार सख्त होने का दावा कर रही है,लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही है। मामला सहसवान तहसील के नाधा कस्बे का है,जहां स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।ग्रामीणों का आरोप है कि CMO कार्यालय के बाबू की मिलीभगत से नाधा में कई अवैध क्लीनिक धड़ल्ले से संचालित हो रहे हैं।इनमें राधा रानी हेल्थ केयर सेंटर जैसे कथित फर्जी क्लीनिक भी शामिल हैं,जो बिना जरूरी डिग्री और पंजीकरण के चल रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि शिकायत के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम आती तो है, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति कर चली जाती है।न दस्तावेजों की विस्तृत जांच होती है, न दवाओं और रिकॉर्ड का सत्यापन किया जाता है और न ही किसी क्लीनिक को सील किया जाता है।लंबे समय से संचालित इन फर्जी क्लीनिकों से मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ हो रहा है।अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी कब जागते हैं और कब इन पर सख्त कार्रवाई होती है।रिपोर्ट-जयकिशन सैनी

