आर्मी जवान का पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचा


बता दें कि जम्मू-कश्मीर में अमरोहा के गजरौला के रहने वाले आर्मी जवान की गोली लगने से मौत हो गई थी , घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई थी , बताते हैं मृतक जवान गांव वारसाबाद में रहने वाला था और उसकी उमर 30 वर्ष थी जिसका नाम तेजपाल था जो वर्ष 2015 में आर्मी में कांस्टेबल के पद पर भर्ती हुआ था। इन दिनों उसकी ड्यूटी जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले के बनिहाल में चल रही थी। मृतक की पत्नी ने बताया कि उनको हेड क्वार्टर से जानकारी मिली थी कि उनके पति की दुर्घटना में मृत्यु हुई है उन्होंने कहा कि जब कि वह ड्यूटी थे इसलिए वह चाहती हैं कि उनके पति को शाहिद का दर्जा मिले।

आज सुबह मृतक जवान का पार्थिव शरीर सैन्य अधिकारियों की मौजूदगी में उसके गांव पहुंचा , मृतक जवान के शव के पहुंचते ही अधिकारी और पुलिस के लोग भी मौके पर पहुंचे गांव वालों का तांता लग गया आसपास के गांव के लोग भी वहां पर इकट्ठा हो गए और शहीद के शव को देखने के लिए भीड़ उमड़ गई, मृतक की पत्नी दीपिका ने कहा कि हेड क्वार्टर वाले उसके पति की मौत को दुर्घटना बता रहे हैं जबकि यह उसके साथ नाइंसाफी होगी क्योंकि जब हम अपने व्यक्ति को जीवित नौकरी करने देते हैं तो मरने के बाद दोहरा व्यवहार क्यों हो रहा है उन्होंने कहा कि इसलिए मेरे पति को भी शहीद का दर्जा मिलना चाहिए मेरी यही मांग ह

Related Articles

Back to top button
E-Paper