केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को लखनऊ में बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि 2027 के विधानसभा चुनाव में BJP की तीसरी बार सरकार बनने पर उत्तर प्रदेश में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू की जाएगी। शाह ने यह बात डॉ. राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के सभागार में आयोजित BJP प्रदेश कार्यसमिति की बैठक को संबोधित करते हुए कही।
कार्यसमिति में कौन-कौन मौजूद
बैठक की अध्यक्षता BJP प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, दोनों उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े और राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी समेत वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। शाह ने दीप प्रज्वलित कर बैठक का शुभारंभ किया।
Amit Shah UCC UP: कार्यसमिति बैठक का पूर्वावलोकन
UCC पर क्या बोले शाह
शाह ने कहा, “इस बार जब सरकार सत्ता में आएगी, तो उत्तर प्रदेश में UCC लागू किया जाएगा। UCC कई राज्यों में पहले ही लागू हो चुका है।” उन्होंने कार्यकर्ताओं से अर्जुन की तरह लक्ष्य पर एकाग्रचित्त रहने को कहा — लक्ष्य सिर्फ 2027 में BJP की सत्ता में वापसी। योगी सरकार को उन्होंने ‘अंगद के पांव’ जैसा अडिग बताया, जिसे कोई हिला नहीं सकता।
सपा पर 1990 का हमला
ठीक 36 साल पहले की तारीख का जिक्र करते हुए शाह ने 30 अक्टूबर 1990 को अयोध्या में कारसेवकों पर हुई पुलिस फायरिंग का मुद्दा उठाया और तत्कालीन सपा सरकार पर आरोप लगाया कि शवों को सरयू नदी में बहा दिया गया था। उन्होंने विपक्ष के ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर संसद का विशेष सत्र बुलाने की चुनौती भी दी।
निवेश और कानून-व्यवस्था के दावे
शाह ने कहा कि राज्य में करीब ₹50 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए हैं, जिनमें से ₹15 लाख करोड़ धरातल पर उतर चुके हैं। डिफेंस कॉरिडोर में ₹35,000 करोड़ का निवेश हुआ है और UP देश के इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट निर्यात का करीब 7% हिस्सा रखता है। उन्होंने दावा किया कि BJP शासन में दंगे 70% घटे हैं और दिसंबर 2029 तक भारत को नशामुक्त बनाने का लक्ष्य है।
Amit Shah UCC UP: MLC नतीजों के बाद सियासी हलचल

