नई दिल्ली/अमृतसर : एक्स प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री Amit Shah ने कहा कि कि एनसीबी की अमृतसर जोनल यूनिट ने 4 राज्यों में 4 महीने तक चले ऑपरेशन के ज़रिए ड्रग डायवर्जन कार्टेल को खत्म किया, 547 करोड़ रुपये की ड्रग्स जब्त की और 15 लोगों को गिरफ़्तार किया।
सिंधु जल संधि पर Amit Shah के आवास पर उच्चस्तरीय बैठक
Amit Shah ने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नशामुक्त भारत बनाने के विजऩ की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने इसके लिए एनसीबी की टीम को बधाई दी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में मादक पदार्थों के खिलाफ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम के रूप में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में एक वितरक से 1.36 करोड़ साइकोट्रॉपिक टैबलेट जब्त किए हैं। एनसीबी ने उत्तराखंड के हरिद्वार में एक निर्माता से 11,693 सीबीसीएस बोतलें और 2.9 किलो ट्रामाडोल पाउडर भी जब्त किया है। जब्त दवाओं का कुल मूल्य लगभग 547 करोड़ रुपए है।
‘नशा मुक्त भारत’ बनाने के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के विजन के अनुसरण में एनसीबी की अमृतसर जोनल इकाई ने पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में गैर-चिकित्सीय उपयोग के लिए फार्मास्युटिकल दवाओं के अवैध विचलन और वितरण में शामिल प्रमुख नेटवर्कों का भंडाफोड़ किया है।
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री Amit Shah के मार्गदर्शन में दिसंबर 2024 से अप्रैल 2025 तक खुफिया जानकारी आधारित अभियान और मामलों की जांच में ‘टॉप टु बॉटम’ और ‘बॉटम टु टॉप’ अप्रोच के परिणामस्वरूप महत्वपूर्ण जब्ती और गिरफ्तारियां हुईं, जिसने निर्माताओं, स्टॉकिस्टों और फ्रंट ऑपरेटरों के बीच एक जटिल गठजोड़ को उजागर किया।
Amit Shah 20-21 अप्रैल को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में छापेमारी की गई
बीते 20-21 अप्रैल को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली में छापेमारी की गई। उत्तराखंड में तलाशी के परिणामस्वरूप जे आर फार्मास्युटिकल्स से 11,693 सीबीसीएस बोतलें और 2.9 किलोग्राम ट्रामाडोल पाउडर जब्त किए गए।
हिमाचल प्रदेश में प्रमुख वितरक एमबिट बायो मेडिक्स के परिसर में तलाशी से 19,25,200 टैबलेट और दिल्ली के बवाना में आशी फार्मास्युटिकल के परिसर में तलाशी से 1.17 करोड़ ट्रामाडोल और अल्प्राजोलम टैबलेट जब्त किए गए, जो फार्मास्युटिकल दवाओं के बड़े पैमाने पर अनधिकृत कब्जे और अवैध वितरण को दर्शाता है।
एमबिट बायो मेडिक्स का मालिक पहले गिरफ्तार किया गया था, जब वह 18 अप्रैल को दिल्ली के इंदिरा गांधी हवाई अड्डे से वियतनाम भागने की कोशिश कर रहा था।

