कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की. दिल्ली में 10 जनपथ रोड पर यह प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई, जिसमें राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों की मांगें पूरी तरह जायज हैं, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफा लिया जाना चाहिए. उन्हें किसी दूसरे मंत्रालय में ट्रांसफर करना भी मंजूर नहीं है, बल्कि उन्हें कैबिनेट से निकाल दिया जाना चाहिए. छात्रों की यह मांग पूरी होगी, तभी वे प्रदर्शन से पीछे हटेंगे और इसमें कांग्रेस उनके साथ खड़ी है.
छात्रों को लाठियों से पीटने का आरोप लगाया
राहुल गांधी ने कहा कि विरोध प्रदर्शन करने वाले छात्रों को पीटा गया. छात्रों को लाठियों से मारा गया और आंसू गैस के गोले, पैलेट, छर्रे दागकर घायल किया गया. मैं खुद घायल छात्रों से मिला हूं और उनकी चोटें देखी हैं. उनका दर्द सुना है, लड़कियों तक को नहीं बख्शा गया. सरकार को प्रदर्शनकारी छात्रों पर कार्रवाई करने की बजाय उन पर लाठियां चलाने वालों पर कार्रवाई करनी चाहिए. पुलिस की हिंसक और दमनकारी कार्रवाई के लिए सरकार को माफी मांगनी चहिए.
कांग्रेस ने आज देशभर में निकाला कैंडल मार्च
नीट पेपर लीक मामले को लेकर आज देशभर में कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया. हर राज्य में जिला स्तर से लेकर नेशनल लेवल तक कांग्रेस नेताओं ने कैंडल मार्च निकाला और केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. कॉकरोच जनता पार्टी के साथ मिलकर अब कांग्रेस भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रही है. कांग्रेस मानसून सत्र में मुद्दे पर चर्चा के लिए भी अड़ी है.
छात्रों पर लाठीचार्ज के समर्थन में कांग्रेस का धरना
20 मार्च को कॉकरोच जनता पार्टी के संसद मार्च पर लाठीचार्ज के समर्थन में कांग्रेस ने प्रधानमंत्री आवास के बाहर धरना दिया था. दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर, विजय चौक और कनॉट प्लेस में CJP के प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया. पैलेट गन से छर्रे और आंसू गैस के गोले दागकर उनका दमन किया. इसके विरोध में कांग्रेस ने धरना दिया तो पुलिस ने राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कांग्रेस प्रदर्शनकारियों को जबरन धरने से उठाकर हिरासत में लिया.

