Badaun News: उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले में हुए सनसनीखेज Badaun Double Murder (बदायूं दोहरे हत्याकांड) मामले में राज्य सरकार ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है। हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) के दो वरिष्ठ अधिकारियों की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या किए जाने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। इस पूरे मामले में सामने आई घोर लापरवाही की गाज सीधे तौर पर बदायूं के एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह पर गिरी है। शासन ने शुक्रवार देर रात उन्हें हटाते हुए तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी अंकिता शर्मा को बदायूं का नया एसएसपी नियुक्त किया है।
कैसे हुआ यह खौफनाक Badaun Double Murder? दातागंज क्षेत्र के सैंजनी गांव के पास स्थित एचपीसीएल के कम्प्रेस्ड बायोगैस (सीबीजी) प्लांट में यह खौफनाक वारदात हुई। प्लांट के अंदर घुसकर उप महाप्रबंधक (DGM) सुधीर गुप्ता और उप प्रबंधक हर्षित मिश्रा की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई। इस दोहरे हत्याकांड ने न सिर्फ इलाके में दहशत फैला दी, बल्कि पूरे प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए।
पुलिस की बड़ी लापरवाही: पहले ही दर्ज कराई गई थी एफआईआर इस घटना में सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात बदायूं पुलिस की कार्यप्रणाली है। एचपीसीएल प्लांट के दोनों मृतक अधिकारियों ने घटना से पहले ही मुख्य आरोपी अजय प्रताप सिंह से अपनी जान को खतरा बताया था। बाकायदा पुलिस स्टेशन में एफआईआर भी दर्ज कराई गई थी। इसके बावजूद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कोई सख्त एक्शन नहीं लिया। पुलिस की इसी सुस्ती और लापरवाही का नतीजा यह हुआ कि आरोपी के हौसले बुलंद हो गए और उसने प्लांट में घुसकर दो बेगुनाह अफसरों की जिंदगी हमेशा के लिए खत्म कर दी।
मृतक की मां का दर्द: ‘अधिकारियों ने सिर्फ आश्वासन दिया’ मारे गए उप प्रबंधक हर्षित मिश्रा की मां रानी देवी ने पुलिस और प्रशासन की भूमिका पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित परिवार का कहना है कि उनके बेटे ने न्याय और सुरक्षा के लिए एसएसपी, जिलाधिकारी (DM) से लेकर स्थानीय विधायक तक के दरवाजे खटखटाए थे। हर जगह गुहार लगाने के बावजूद उन्हें सिर्फ मदद का कोरा आश्वासन मिला। परिवार का दर्द है कि आरोपी लगातार जान से मारने की धमकियां दे रहा था, अगर पुलिस-प्रशासन ने समय रहते सख्त कदम उठाया होता, तो शायद आज यह घटना टल सकती थी।
आईपीएस अंकिता शर्मा को मिली कमान मामले की गंभीरता और कानून-व्यवस्था की उड़ती धज्जियों को देखते हुए शासन ने रातों-रात बड़ा फैसला लिया। तत्कालीन एसएसपी डॉ. बृजेश कुमार सिंह को बदायूं से हटाकर डीजीपी मुख्यालय की लॉजिस्टिक शाखा में भेज दिया गया है। उनकी जगह अब कासगंज की एसपी रहीं अंकिता शर्मा को बदायूं का नया एसएसपी बनाया गया है। अब सभी की निगाहें इस बात पर हैं कि नई एसएसपी इस हाई-प्रोफाइल मामले में आरोपियों के खिलाफ क्या सख्त कार्रवाई करती हैं। (रिपोर्ट: जयकिशन सैनी)

