UP News, उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले से एक रूह कंपा देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। यहां एक आदमखोर तेंदुए ने परिवार के साथ सो रही 9 साल की मासूम बच्ची को अपना निवाला बना लिया। रात के अंधेरे में तेंदुआ दबे पांव आया और बच्ची को अपने जबड़े में दबोच कर गन्ने के खेत में खींच ले गया।
जब सुबह बच्ची का खून से लथपथ शव खेत में मिला, तो वहां मौजूद हर शख्स की आंखें छलक पड़ीं। अपनी फूल सी बच्ची की लाश को गोद में उठाकर भागते बेबस पिता का मंजर देखकर पत्थर दिल इंसान भी रो पड़े।
कैसे हुआ यह रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा?
जानकारी के अनुसार, घटना बहराइच के उस ग्रामीण इलाके की है जो जंगल और खेतों से सटा हुआ है। रात के समय गर्मी होने के कारण परिवार घर के बाहर या आंगन में चारपाई पर सो रहा था। 9 साल की मासूम बच्ची भी अपने माता-पिता के पास गहरी नींद में सोई हुई थी।
तभी रात के किसी पहर एक आदमखोर तेंदुआ वहां आ धमका। तेंदुए ने बिना कोई आवाज किए झपट्टा मारा और मासूम को अपने मजबूत जबड़े में दबोच लिया। तेंदुआ इतनी फुर्ती और खामोशी से बच्ची को खींच ले गया कि पास सो रहे परिजनों को भनक तक नहीं लगी।
सुबह खाली चारपाई देख उड़े होश, शुरू हुई तलाश
जब परिजनों की आंख खुली तो उन्होंने बच्ची को चारपाई से गायब पाया। पहले तो लगा कि वह शायद उठकर कहीं गई होगी, लेकिन जब आसपास खून के कुछ निशान और जानवरों के पंजों के निशान दिखाई दिए, तो परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई।
चीख-पुकार सुनकर पूरा गांव इकट्ठा हो गया। लाठी-डंडे और टॉर्च लेकर ग्रामीणों ने बच्ची की तलाश शुरू की। निशानों का पीछा करते हुए जब ग्रामीण गांव के बाहर गन्ने के खेत में पहुंचे, तो वहां का नजारा देखकर सबकी चीखें निकल गईं।
खून से सनी लाडली को गोद में उठाकर भागा बेबस पिता
गन्ने के खेत के अंदर मासूम बच्ची का शव बुरी तरह क्षत-विक्षत और लहूलुहान हालत में पड़ा था। तेंदुए ने बच्ची के शरीर पर कई गहरे घाव किए थे। अपनी आंखों के सामने अपनी लाडली की ऐसी दर्दनाक हालत देखकर पिता का कलेजा फट गया।
वह चीखते हुए आगे बढ़े और खून से सनी अपनी बच्ची को सीने से लगा लिया। बदहवास पिता बच्ची को गोद में उठाकर पागलों की तरह गांव की तरफ दौड़े, इस उम्मीद में कि शायद उसकी सांसें अभी बची हों, लेकिन मासूम बहुत पहले ही दम तोड़ चुकी थी।
वन विभाग की टीम मौके पर, ग्रामीणों में भारी गुस्सा
इस हृदयविदारक घटना की सूचना तुरंत पुलिस और वन विभाग को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं, आदमखोर तेंदुए के हमले से गुस्साए ग्रामीणों ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि इलाके में अक्सर जंगली जानवर घुस आते हैं, लेकिन प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठाता।
वन विभाग की टीम ने अब इलाके में पिंजरा लगाने और गश्त बढ़ाने का आश्वासन दिया है, ताकि इस आदमखोर तेंदुए को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।

