Supreme Court ने मध्य प्रदेश दुर्घटना क्लेम मामले में कहा कि दुर्घटना में बच्चे की मृत्यु या दिव्यांग होने पर मुआवजा कुशल श्रमिक मानकर दिया जाएगा। कुशल श्रमिक का न्यूनतम वेतन बच्चे की आय माना जाएगा। दावेदार को न्यायाधिकरण में दस्तावेज पेश करने होंगे अन्यथा बीमा कंपनी जिम्मेदार होगी। कोर्ट ने फैसले की प्रति मोटर दुर्घटना न्यायाधिकरणों को भेजने का निर्देश दिया है।
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Supreme Court ने फैसले की प्रति मोटर दुर्घटना न्यायाधिकरणों को भेजने का निर्देश दिया
सुप्रीम कोर्ट ने कहा, “अगर वह ऐसा नहीं कर पाता है तो इन दस्तावेजों को पेश करने की जिम्मेदारी बीमा कंपनी की होगी। फैसले की प्रति सभी मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरणों को भेजी जाए, ताकि निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित हो सके।”

