भोपाल: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. Mohan Yadav ने आज कहा कि गरीब, युवा, अन्नदाता और महिला सशक्तिकरण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इनके कल्याण के लिए संचालित योजनाओं और कार्यक्रमों में केन्द्र सरकार की ओर से वर्ष 2025-26 के बजट में प्रदेश के लिए की गई वृद्धि का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित होना चाहिए।
Mohan Yadav ने शाम को दूसरे चरण में निवेशकों से वन टू वन भेंट की
Mohan Yadav ने वित्त वर्ष 2025-26 के केंद्रीय बजट में नवीन योजनाओं के लिए किए गए प्रावधानों तथा प्रचलित योजनाओं में की गई वृद्धि के प्रस्ताव के मद्देनजर प्रदेश की प्राथमिकताओं के अनुरूप विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों के क्रियान्वयन के संबंध में यहां अधिकारियों से चर्चा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में वर्ष 2025 को उद्योग वर्ष घोषित किया गया है। युवाओं में उद्यमिता विकास और कौशल उन्नयन के लिए संबंधित संस्थाओं में बाजार की आवश्यकता के अनुसार गतिविधियां संचालित की जाएं। ग्राम स्तर तक स्वास्थ्य सुविधा और शिक्षा व्यवस्था का संचालन संवेदनशीलता के साथ हो।
Mohan Yadav प्रदेश में वर्ष 2025 को उद्योग वर्ष घोषित किया गया
डॉ यादव ने कहा कि प्रदेश के बड़े नगरों के आसपास विद्यमान नगरीय निकायों और ग्राम पंचायतों में सड़क, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, सीवेज जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं का विकास इस दृष्टि से किया जाए ताकि नगरों की जनसंख्या बढ़ने पर जनसामान्य का जीवन सुगम बना रहे।
नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे अतिरिक्त संसाधनों का उपयोग करते हुए प्रदेश को प्राकृतिक खेती के क्षेत्र में आदर्श राज्य के रूप में विकसित किया जाए। इसके साथ ही कृषकों को मूंगफली, सरसों जैसी तिलहन फसलों और ग्रीष्मकालीन मूंग के स्थान पर अन्य वैकल्पिक फसलों को लेने के लिए प्रोत्साहित किया जाए।
बैठक में मुख्य सचिव अनुराग जैन, प्रमुख सचिव वित्त मनीष रस्तोगी और विभिन्न विभागों के अपर मुख्य सचिव तथा प्रमुख सचिव उपस्थित थे

