विवाहिता का दोबारा कराया गया पोस्टमॉर्टम, परिजनों ने 30 घंटे बाद किया अंतिम संस्कार; हत्या का आरोप
मायके पक्ष का आरोप तीन महीने की गर्भवती थी विवाहिता
बदायूं।अलापुर थाना क्षेत्र के गांव पतसा निवासी दीपक चौहान की पत्नी रिंकी (24) की सोमवार रात को संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी। मंगलवार को उसके शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया।मायके पक्ष के लोगों ने उस समय हंगामा कर दिया था,जब पोस्टमॉर्टम के समय वीडियोग्राफी के बिना ही करा दिया गया।उसके पेट से भ्रूण निकालकर फेंकने का आरोप लगाया। हंगामे के पुलिस के अधिकारियों ने संज्ञान लिया।जिसके बाद दोबारा पोस्टमॉर्टम कराया गया।

यह था मामला:-दातागंज क्षेत्र के गांव सिरसा निवासी सत्यपाल ने बताया कि उन्होंने बेटी रिंकी (24 वर्ष) की शादी 30 जनवरी 2020 में अलापुर के गांव पतसा निवासी दीपक चौहान के साथ की थी। शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। पति व ससुराल वाले नकद रुपये लाने का दबाव बनाकर उसके साथ मारपीट करते थे।रिंकी ने बेटे को जन्म दिया। उसके बाद उसकी हालत खराब रहने लगी।
आरोप लगाया कि चार दिन पहले पति ने परिवार के साथ मिलकर रिंकी के साथ मारपीट की। हालत बिगड़ने पर उसको अस्पताल में भर्ती कराया। मायके पक्ष को सूचना दी, जिसपर परिवार के लोग अस्पताल पहुंच गए।अस्पताल में रिंकी का शव मिला जबकि पति समेत ससुराल के लोग मौके से भाग गए। उन्होंने रिंकी को पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया। पोस्टमॉर्टम के बाद शव लेकर मायके वाले घर चले गए थे।
तीन महीने की गर्भवती थी विवाहिता:-विवाहिता की मौत संदिग्ध हालत में हुई लेकिन यह किसी को पता नहीं था।कि वह तीन महीने की गर्भवती भी थी।पोस्टमॉर्टम के दौरान उसके पेट से तीन महीने का भ्रूण निकला,जिसे डॉक्टर ने कर्मचारी से खिड़की से पीछे को फेंकवा दिया।यह देख मायके पक्ष के लोगों का पारा चढ़ गया।परिवार के लोग भ्रूण को उठाकर डॉक्टरों पर सांठ-गांठ करने का आरोप लगाकर पैनल से पोस्टमॉर्टम कराने की मांग पर अड़ गए थे।रिपोर्ट-जयकिशन सैनी

