Sahaswan News: बीस लाख रुपये खर्च कर बनाई गई बाउंड्रीवॉल,फिर भी बदहाल पड़ा सहसवान का रोडवेज बस स्टेशन
छह दशक पुराने बस स्टेशन में भरा पानी,उगी बड़ी-बड़ी घास; गंदगी से संक्रामक रोगों का खतरा, यात्रियों को सुविधाओं का इंतजार
एस.पी.सैनी (समर इंडिया)
सहसवान (बदायूं)। जनपद बदायूं के सहसवान नगर के मुख्य बाजार बिल्सनगंज स्थित राजकीय परिवहन निगम का बस स्टेशन करीब छह दशक पूर्व स्थापित किया गया था। इस बस स्टेशन से प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्री आवागमन करते थे। लेकिन लंबे समय से बदहाली का शिकार बस स्टेशन की स्थिति में सुधार नहीं हो पा रहा है।शासन द्वारा करीब 20 लाख रुपये की लागत से बस स्टेशन की बाउंड्रीवॉल का निर्माण तो करा दिया गया,लेकिन इसके बाद स्टेशन की सुध लेने वाला कोई नहीं है।
बाउंड्रीवॉल बनने के बाद तालाब में तब्दील हुआ स्टेशन परिसर
बस स्टेशन परिसर में जलभराव होने के कारण जगह-जगह पानी जमा है।परिसर में बड़ी-बड़ी घास उग आई है।और गंदगी का अंबार लगा हुआ है। जलभराव और गंदगी के चलते मच्छर-मक्खियों का प्रकोप बढ़ने की आशंका बनी हुई है,जिससे संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा उत्पन्न हो गया है।स्थानीय लोगों का कहना है कि लाखों रुपये खर्च करके बाउंड्रीवॉल का निर्माण कराया गया,लेकिन परिसर की साफ-सफाई और जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं की गई।

अलीगढ़, संभल, मुरादाबाद, आगरा और मथुरा के लिए बसें चलाने की क्षेत्रीय जनता की मांग
सहसवान बस स्टेशन से विभिन्न प्रमुख शहरों के लिए नियमित बस सेवाएं शुरू कराने की मांग भी लंबे समय से उठाई जा रही है। इससे पूर्व उपरोक्त स्टेशन से बिल्सी मुरादाबाद अलीगढ़ आगरा बरेली के लिए बसों का संचालन होता था जो लगभग डेढ़ दशक पूर्व अधिकारियों की हिटलर शाही मनमानी तथा गलत निर्णय के कारण बंद हो गया।एमएलसी बागीश पाठक और भाजपा के पूर्व नगर अध्यक्ष सौरभ माहेश्वरी महिला संगठन की प्रदेश मंत्री दीक्षा महेश्वरी कई बार परिवहन मंत्री से मुलाकात कर ज्ञापन सौंप चुके हैं। उन्होंने सहसवान बस स्टेशन से अलीगढ़,संभल,मुरादाबाद,आगरा और मथुरा सहित अन्य प्रमुख शहरों के लिए बसें संचालित कराने की मांग की है।
बसों का संचालन शुरू होने से यात्रियों और व्यापारियों को मिलेगा लाभ
स्थानीय लोगों का कहना है कि सहसवान क्षेत्र से प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में यात्री विभिन्न स्थानों के लिए आते-जाते हैं। यदि बस स्टेशन से प्रमुख शहरों के लिए नियमित बस सेवाएं शुरू कर दी जाएं,तो यात्रियों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। साथ ही परिवहन निगम की आय में भी वृद्धि हो सकती है और स्थानीय व्यापारियों को भी राहत मिलेगी।
अब सवाल यह है कि जब बस स्टेशन की बाउंड्रीवॉल पर 20 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं,तो परिसर में जलभराव, गंदगी और अव्यवस्थाओं को दूर करने के लिए जिम्मेदार अधिकारी कब कदम उठाएंगे? क्षेत्रीय लोगों ने संबंधित अधिकारियों से बस स्टेशन की साफ-सफाई, जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराने और प्रमुख शहरों के लिए नियमित बस सेवाएं शुरू कराने की मांग की है।

