Amroha News-अमरोहा (जोया) | कृषि दर्शन डेस्क बसंत कालीन गन्ना बुवाई के सीजन को देखते हुए किसानों को उन्नत और कम लागत वाली खेती के प्रति जागरूक करने के लिए गुरुवार (26 फरवरी 2026) को अमरोहा गन्ना समिति और ‘इफको’ (IFFCO) के संयुक्त तत्वावधान में जोया ब्लॉक के ग्राम देवीपुरा में एक महत्वपूर्ण ‘कृषक गोष्ठी’ का आयोजन किया गया। इस गोष्ठी में गन्ना विभाग के अधिकारियों और इफको के विशेषज्ञों ने किसानों को रासायनिक उर्वरकों के नुकसान बताते हुए नैनो उर्वरकों के फायदों और उनके सही इस्तेमाल की विस्तार से जानकारी दी।
गन्ने की पैदावार बढ़ाने के लिए विशेषज्ञों की मुख्य सलाह:
गोष्ठी में उपस्थित इफको प्रतिनिधि अवधेश गोस्वामी और मोहित कुमार ने किसानों को दानेदार उर्वरकों से होने वाले नुकसान से अवगत कराते हुए निम्नलिखित आधुनिक विधियां बताईं:
बीज का उपचार (Seed Treatment): बसंत कालीन गन्ने की बुवाई से पहले गन्ने के सेट्स (बीज) को 10ml/लीटर नैनो डीएपी के घोल से अनिवार्य रूप से उपचारित करें।
सही समय पर छिड़काव (Spraying): बुवाई के 50 से 60 दिन बाद फसल की अच्छी बढ़वार के लिए 4 ml/लीटर नैनो डीएपी को ‘नैनो यूरिया’ के साथ मिलाकर स्प्रे करें। इससे न केवल उत्पादन बढ़ेगा, बल्कि फसल भी स्वस्थ रहेगी।
जैविक उत्पाद ‘सागरिका’ का प्रयोग: बाजार में मिलने वाले महंगे और मिलावटी ‘जाइम’ (Zyme) के बजाय, विश्व की सबसे बड़ी सहकारिता संस्था इफको के ऑर्गेनिक उत्पाद ‘सागरिका’ (दानेदार और तरल रूप में) का इस्तेमाल करें। यह सस्ता होने के साथ-साथ जैविक खेती के लिए भी बेहद अनुकूल है। इसके अलावा NPK कंसोर्टिया, नैनो जिंक और नैनो कॉपर के फायदों पर भी चर्चा की गई।
गन्ना समिति से जुड़ने की अपील
कार्यक्रम में मौजूद अमरोहा के ज्येष्ठ गन्ना अधिकारी श्री राजेश कुमार ने किसानों को इफको के उत्पादों और कृषि दवाइयों पर मिलने वाली विशेष छूट के बारे में जागरूक किया। उन्होंने सभी किसानों से अमरोहा गन्ना समिति से जुड़ने का आह्वान किया, ताकि उन्हें समय-समय पर गुणवत्तापूर्ण खाद, दवाइयां और अन्य सरकारी सुविधाएं आसानी से उपलब्ध हो सकें।
“लागत घटाएं, मुनाफा बढ़ाएं”
गोष्ठी की अध्यक्षता कर रहे श्यौराज सिंह ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान समय में खेती में रासायनिक उर्वरकों के अंधाधुंध प्रयोग से बचना चाहिए। उन्होंने किसानों से जैविक खेती की ओर रुख करने और इफको के नवीनतम ‘नैनो उत्पादों’ का अधिक से अधिक प्रयोग करने की अपील की, जिससे खेती की लागत कम हो और गुणवत्तापूर्ण फसल के साथ मुनाफा बढ़ सके।
कार्यक्रम में इनकी रही प्रमुख उपस्थिति
इस ज्ञानवर्धक गोष्ठी में मुख्य रूप से ज्येष्ठ गन्ना अधिकारी राजेश कुमार, गन्ना पर्यवेक्षक रामगोपाल सिंह, अध्यक्ष श्यौराज सिंह, प्रगतिशील किसान इंद्रजीत सिंह व महावीर सिंह, इफको एमसी (MC) से एसएमओ (SMO) आदित्य प्रताप जी, इफको प्रतिनिधि अवधेश गोस्वामी और मोहित कुमार सहित गांव के लगभग 60 से 65 जागरूक किसान मौजूद रहे।

