Social Reform : अमरोहा: जनपद अमरोहा को सामाजिक कुरीतियों से मुक्त करने की दिशा में जिलाधिकारी श्रीमती निधि गुप्ता वत्स ने एक बड़ा कदम उठाया है। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को ‘बाल विवाह मुक्त भारत’ की शपथ दिलाई। उन्होंने स्पष्ट किया कि बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए समाज के हर नागरिक को जागरूक होना होगा।
शपथ के चार मुख्य संकल्प
जिलाधिकारी ने सभी उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को संकल्प दिलाते हुए कहा कि बाल विवाह एक अपराध है और इसे रोकना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। शपथ के मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे:
सक्रिय प्रयास: बाल विवाह के खिलाफ हर संभव प्रयास करना।
निजी जिम्मेदारी: अपने परिवार, पड़ोस और समुदाय में किसी भी बालिका का बाल विवाह न होने देना।
गोपनीय सूचना: बाल विवाह के किसी भी प्रयास की तत्काल सूचना पंचायत और सरकार को देना।
शिक्षा और सुरक्षा: बच्चों की शिक्षा और सुरक्षा के लिए आवाज बुलंद करना और ‘बाल विवाह मुक्त भारत’ का निर्माण करना।
शिक्षा को बनाया जाए मुख्य हथियार
डीएम निधि गुप्ता वत्स ने जोर देकर कहा कि बाल विवाह को केवल कानून से नहीं, बल्कि जागरूकता और शिक्षा से ही जड़ से खत्म किया जा सकता है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाए और यदि कहीं भी बाल विवाह की सूचना मिलती है, तो दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
इन अधिकारियों की रही मौजूदगी
शपथ ग्रहण समारोह के दौरान मुख्य विकास अधिकारी (CDO) श्री अश्वनी कुमार मिश्र सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने का संकल्प लिया।

