मुजफ्फरनगर । CM Yogi आदित्यनाथ ने कहा कि संतों ने समाज को एकता और जोड़ने की राह दिखाई। वह राह, जो कैराना व कांधला की घटना नहीं होने देती। यह वही राह है, जो हमें सुरक्षा व संरक्षण की गारंटी देती है और उत्थान का मार्ग प्रशस्त करती है। साथ ही सम-विषम परिस्थितियों में लड़ने की प्रेरणा प्रदान करती है।
तुष्टिकरण नहीं, संतोष के लिए भारत सरकार काम कर रही है : CM Yogi
स्वामी ज्ञान भिक्षुक दास महाराज दिव्य संत थे। उन्होंने शुकतीर्थ में सतगुरु रविदास जी महाराज जी की प्रेरणा को आगे बढ़ाने का कार्य किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को शुक्रतीर्थ मुजफ्फरनगर में विशाल संत समागम और सत्संग कार्यक्रम में सहभाग किया।
यह कार्यक्रम संत स्वामी ज्ञान भिक्षुक दास जी महाराज की 65वीं पुण्यतिथि एवं सतगुरु समनदास जी महाराज की पुण्य स्मृति में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यकाल में जब देश गुलामी की बेड़ियों से जकड़ा हुआ था, विदेशी आक्रांताओं द्वारा भारत की धर्म और संस्कृति को रौंदा जा रहा था तो उस समय ज्योति के पुंज के रूप में काशी के सीरगोवर्धन में सतगुरु रविदास जी महाराज का आविर्भाव होता है।
उन्होंने कर्मसाधना के माध्यम से जो प्रेरणा दी, वह आज भी देश व हर श्रद्धालु के लिए मार्गदर्शक के रूप में काम करती है।
CM Yogi संत रविदास के कथन की चर्चा करते हुए कहा कि उनकी वाणी अत्यंत दिव्य थी
सतगुरु रविदास जी महाराज ने सामाजिक आडम्बर व कुरीतियों के खिलाफ समाज को जागरूक किया। कर्म पर विश्वास करने की प्रेरणा दी। आध्यात्मिक चेतना का जागरण किया। उन्होंने कहा कि मन चंगा तो कठौती में गंगा.. सतगुरु रविदास जी का कथन जीवन में आंतरिक पवित्रता और निर्मलता का प्रतीक है।
CM Yogi ने संत रविदास के कथन की चर्चा करते हुए कहा कि उनकी वाणी अत्यंत दिव्य थी। रविदास जी ने कहा था मैं तब प्रसन्न रहूंगा, जब बिना भेदभाव सबको समान अधिकार व अन्न मिलेगा। संत रविदास की इन बातों को पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री गरीब अन्न कल्याण योजना के माध्यम से इसे अक्षरशः लागू किया। कोरोना जैसी महामारी से अब तक 81 करोड़ लोगों को अन्न वितरण कराया जा रहा है और यही संतों की प्रेरणा है।

