गुरुपूर्णिमा पर मूसलाधार वर्षा भी न रोक सकी कछला गंगाघट पर श्रृद्धालुओं के बढ़ते हुए कदम,
तड़के सुबह से ही गंगा स्नान के लिए श्रद्धालुओं की चारों घाट पर उमड़ी भीड़,
गंगा का जलस्तर बढ़ने पर प्रशासन की व्यवस्था चौकस,
(बदायूं से समर इंडिया के लिए एसपी सैनी की रिपोर्ट)




बदायूं : गुरुपूर्णिमा पर्व पर
तीर्थ नगरी कछला गंगा घाट पर भी कई राज्यों राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली और यूपी के कई जिलों से लाखों की संख्या में श्रद्धालु गंगा में डुबकी लगाने पहुंचे।
भक्तों ने ब्रह्ममुहुर्त में आस्था की डुबकी लगाई और मां गंगा से मनोकामना पूर्ण करने की प्रार्थना की। गंगा स्नान के वक्त घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। जबकि बीती रात से मूसलाधार वर्षा भक्त जनों के गंगा घाट पर आने के लिए कदमों को रोकने के लिए प्रयास कर रही थी परंतु उसके प्रयास भक्तों की आस्था के आगे नतमस्तक हो गए ।
गौर तलब है प्राचीन काल से ही गुरुपूर्णिमा पर गंगा में स्नान करने का काफी महत्व माना जाता है। इसीलिए कई राज्यों के लाखों श्रद्धालु कछला गंगा में आस्था की डुबकी लगाते हैं। गुरुपूर्णिमा के अवसर पर लाखों श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान पर भगवान की कथा सुनी और मां गंगा की पूजा अर्चना कर आशीर्वाद मांगा और उसके बाद खुशहाली और उन्नति की कामना करते हुए असहाय निर्धनों को दान दान देकर पुण्य लाभ कमाया।
माना जाता है कि गुरुपूर्णिमा पर गरीबों का दान करने से घर में सुख शांति रहती है। कछला घाट पर मेले जैसे माहौल रहा, जहां विभिन्न प्रकार के साज सज्जा की दुकानों पर लोगों की भीड़ रही।
बच्चों के लिए झूले, गुब्बारे की दुकानें मिठाई जलेबी खजला सहित अन्य कई प्रकार की दुकानें लगी ।
गुरुपूर्णिमा पर गंगा स्नान को लेकर प्रशासन की तरफ से भी चौकस इंतजाम किये गए थे। गंगा घाट से लेकर जगह-जगह तैराक और पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था, ताकि गंगा स्नान करते वक्त कोई हादसा ना हो सके।
वही गंगा के जल स्तर को बढ़ता देख पास में ही बेरीकेटिंग लगाई गयी थी, ताकि कोई भी श्रद्धालु गंगा स्नान करते वक्त आगे नहीं जा सके।
गुरु पूर्णिमा के पर्व पर श्रद्धालु जहां एक ओर अपने गुरू शरण में पहुंचकर चरण वंदन करते हुए आशीर्वाद ले रहे थे ।वहीं कछला स्थित गंगा में भी डुबकी लगा रहे हैं।
इधर सहसवान तहसील क्षेत्र के टोंटपुर करसरी के धापड़ गंगा घाट पर हजारों भक्त जनों ने गंगा में डुबकी लगाकर पुण्य लाभ कमाया। तो वही नगर सहसवान के ऐतिहासिक तीर्थ स्थल सरसोता मैं मेला प्रबंधक तहसीलदार राकेश कुमार द्वारा विद्युत आपूर्ति भंग होने पर वैकल्पिक व्यवस्था जनरेटर की करके समरसेबल के माध्यम से पानी की व्यवस्था सरसोते में कराई गई जहां सैकड़ो की तादाद में पहुंचे भक्त जनों ने सरसोते में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य लाभ लिया। तथा स्थल पर स्थापित मूर्तियों की पूजा अर्चना की।
