Amroha News : अमरोहा | लोकल एडमिनिस्ट्रेशन एवं स्वरोजगार डेस्क अमरोहा जनपद में माटीकला (मिट्टी के बर्तन और उत्पाद बनाने की कला) से जुड़े पारंपरिक कारीगरों, कुम्हारों और इस क्षेत्र में अपना स्वरोजगार स्थापित करने के इच्छुक बेरोजगार युवाओं के लिए एक बेहद अच्छी खबर है। उत्तर प्रदेश खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड और यूपी माटीकला बोर्ड के संयुक्त तत्वावधान में अमरोहा में एक विशेष ‘माटीकला जागरूकता एवं टूल किट्स वितरण कार्यक्रम’ का आयोजन किया जा रहा है।
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी श्री गजेंद्र सिंह ने इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि प्रशासन का मुख्य उद्देश्य स्थानीय शिल्पियों और उद्यमियों का समग्र विकास करना है।
कब और कहाँ होगा कार्यक्रम का आयोजन?
तारीख: 17 मार्च 2026 (मंगलवार)
समय: सुबह 11:00 बजे से
स्थान: विकास भवन परिसर, अमरोहा
क्या है इस जागरूकता कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य?
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी के अनुसार, ‘माटीकला विपणन विकास सहायता एवं प्रचार-प्रसार योजना’ के तहत आयोजित हो रहे इस एक दिवसीय शिविर के कई अहम उद्देश्य हैं:
उत्पादों का प्रचार-प्रसार: आम जनमानस में मिट्टी से बने इको-फ्रेंडली (Eco-friendly) उत्पादों के उपयोग के प्रति आकर्षण और जागरूकता पैदा करना।
कारीगरों को आधुनिक ट्रेनिंग: माटीकला विधा से जुड़े पारंपरिक कारीगरों को उनके उत्पादों की मार्केटिंग, उत्पाद विकास, गुणवत्ता सुधार और आधुनिक तकनीक की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराना।
सरकारी योजनाओं की जानकारी: शिविर में यूपी माटीकला बोर्ड द्वारा संचालित सभी लाभकारी योजनाओं और सब्सिडी के बारे में विस्तार से बताया जाएगा, ताकि कारीगर उनका सीधा लाभ उठा सकें।
बेरोजगार युवाओं के लिए भी है सुनहरा अवसर
यह कार्यक्रम केवल पुराने कारीगरों के लिए ही नहीं, बल्कि रोजगार की तलाश कर रहे उन युवाओं के लिए भी बेहद लाभदायक साबित होगा, जो माटीकला के क्षेत्र में अपना भविष्य और व्यवसाय (Business) बनाना चाहते हैं।
शिविर में उन्हें माटीकला उत्पादों की वर्तमान बाजार में महत्ता, उपयोगिता और मांग के बारे में परिचयात्मक जानकारी दी जाएगी।
साथ ही, अपना खुद का व्यवसाय शुरू करने के लिए सरकार की ओर से मिलने वाली आर्थिक और तकनीकी सहायता के बारे में भी बताया जाएगा।
विभाग ने जनपद के सभी संबंधित पारंपरिक कारीगरों, कुम्हारों और इच्छुक बेरोजगार व्यक्तियों से अपील की है कि वे 17 मार्च को समय से विकास भवन पहुंचकर इस योजना का लाभ उठाएं।

