नई दिल्ली। गृह मंत्री Amit Shah ने कहा है कि मोदी सरकार तब तक चैन से नहीं बैठेगी, जब तक सभी माओवादी या तो आत्मसमर्पण न कर दें, पकड़े न जाएं या समाप्त न हो जाएं।
उन्होंने बुधवार को छत्तीसगढ़ और तेलंगाना की सीमा से लगे कर्रेगुट्टालु पहाड़ी पर स्थित माओवादियों के हेडक्वार्टर को ध्वस्त करने वाले जवानों को सम्मानित किया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा भी उपस्थित थे।
गुजरात में ‘डायल 112’ की शुरुआत… Amit Shah ने मार्च 2026 तक माओवाद के खात्मे के संकल्प दोहरायाBy Digital Desk
ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट की सफलता पर क्या बोले Amit Shah
सीआरपीएफ, छत्तीसगढ़ पुलिस, कोबरा और स्थानीय आदिवासियों से गठित डीआरजी (डिस्टि्रक्ट रिजर्व गार्ड) के जवानों ने इस साल अप्रैल और मई में लगभग 20 दिन के ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट’ को अंजाम दिया था। इसे सबसे बड़ा माओवादी विरोधी अभियान बताया जा रहा है।
अमित शाह ने कहा कि माओवादियों के विरुद्ध अभियान के इतिहास में ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट’ के दौरान जवानों का शौर्य और पराक्रम एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होगा। उन्होंने शौर्यपूर्ण प्रदर्शन कर अभियान को सफल बनाने के लिए सुरक्षा बलों के सभी जवानों को बधाई दी।
‘2026 तक माओवाद से मुक्त होगा भारत’
उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत को माओवाद मुक्त बनाने का संकल्प दोहराया। शाह ने 31 मार्च, 2026 तक देश को माओवाद से मुक्त करने का भरोसा दिया है।
गृह मंत्री Amit Shah Amit Shahने कहा कि माओवादियों ने देश के सबसे कम विकसित क्षेत्रों को सबसे अधिक नुकसान पहुंचाया है। स्कूल और अस्पताल बंद कर दिए और सरकारी योजनाओं को स्थानीय लोगों तक नहीं पहुंचने दिया। माओवादियों के खात्मे से पशुपतिनाथ से लेकर तिरुपति तक के क्षेत्र में साढ़े छह करोड़ लोगों के जीवन में नया सूर्योदय आया है।

