Amroha News-अमरोहा की जिलाधिकारी श्रीमती निधि गुप्ता वत्स ने तहसील हसनपुर का वार्षिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने तहसील के हर महत्वपूर्ण सेक्शन का बारीकी से जायजा लिया और जहां जरूरत पड़ी, वहां सख्त निर्देश भी दिए। निरीक्षण में न्यायालय तहसीलदार, न्यायालय नायब तहसीलदार, न्यायालय उपजिलाधिकारी न्यायिक, न्यायालय उपजिलाधिकारी, संग्रह अनुभाग, नजारत अनुभाग, अहलमद फौजदारी और राजस्व निरीक्षक कार्यालय का विस्तार से निरीक्षण किया गया।
जिलाधिकारी ने स्टेनो को स्पष्ट निर्देश दिए कि आय-जाति प्रमाण पत्र, करेक्टर सर्टिफिकेट, हैसियत सर्टिफिकेट जैसे दस्तावेजों के भेजने और प्राप्त होने के लिए अलग-अलग रजिस्टर बनाए जाएं। इससे काम में पारदर्शिता आएगी और कोई गड़बड़ी नहीं होगी। उन्होंने धारा 24 के प्रकरणों की समीक्षा की, जिसमें एक प्रकरण लंबित मिला। साथ ही धारा 116 के सभी लंबित प्रकरणों को मार्च तक निस्तारित करने के सख्त आदेश दिए। जिलाधिकारी ने यह भी पूछताछ की कि धारा 24 के प्रकरणों को कैसे आरआई पर अग्रसारित किया जाता है और इसकी पूरी जानकारी ली।
फाइलों और रजिस्टरों का गहरा जायजा निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अंश संशोधन सहित अन्य दृष्टि पंजिका रजिस्टरों का अवलोकन किया। इसके बाद वेतन बिल, सेवा पुस्तिका पत्रावली, माननीय मुख्यमंत्री कृषक कल्याण दुर्घटना योजना और मत्स्य पालन जैसी योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने जाना कि इन योजनाओं से कितने लोगों को लाभ मिला और कितने अभी बाकी हैं। स्थापना सेक्शन की समीक्षा में विभागीय कार्यवाहियों की संख्या और स्थिति की जानकारी ली गई। सर्विस बुक का निरीक्षण करने पर पाया कि वे पूरी तरह पूर्ण हैं, जिसकी जिलाधिकारी ने सराहना की।
रिकॉर्ड रूम से लेकर मतदाता केंद्र तक तहसील के राजस्व भूलेख अभिलेखागार में फाइलों के रखरखाव, साफ-सफाई की व्यवस्था और मतदाता पंजीकरण केंद्र का भी निरीक्षण किया गया। जहां भी कमी दिखी, वहां संबंधित अधिकारियों को तुरंत सुधार के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
निरीक्षण पूरा होने के बाद जिलाधिकारी ने तहसील परिसर में वृक्षारोपण किया, जो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अच्छा कदम रहा।
सख्त निर्देश: पुराने वादों को प्राथमिकता दें जिलाधिकारी ने सभी को स्पष्ट संदेश दिया कि राजस्व वादों का निस्तारण निर्धारित समय-सीमा और दायरे के अनुसार जरूर किया जाए। खासकर पुराने लंबित वादों को सबसे ज्यादा प्राथमिकता देकर जल्द से जल्द निपटाया जाए। इससे लोगों को लंबे इंतजार से राहत मिलेगी और न्याय व्यवस्था मजबूत होगी।
इस मौके पर उप जिलाधिकारी श्री हिमांशु उपाध्याय, दिलदार श्री परमानंद श्रीवास्तव, नायब तहसीलदार श्री मनोज कुमार, पेशकार उप जिलाधिकारी श्री राहुल वर्मा सहित तहसील के अन्य संबंधित अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
जिलाधिकारी का यह निरीक्षण तहसील प्रशासन के लिए एक बड़ा संदेश है कि काम में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जनता की समस्याओं का समय पर समाधान होना चाहिए।

